Sahara India ka paisa kab milega

Sahara India ka paisa kab milega

यहां पर दिल्ली हाईकोर्ट ने स्पष्ट किया था जितने भी निवेशक है जिनका पैसा सोसाइटी में लगा हुआ है किसी भी कोऑपरेटिव सोसाइटी में लगा हुआ है

यहां पर ऐसे फाइलों के जांच के आदेश के बाद वह चाहे तो सेंट्रल रजिस्टार के माध्यम से वह अपने पैसों को क्लेम कर सकते हैं इसके लिए एक छोटा सा काम करना पड़ता है 

आपको बाई पोस्ट सेंट्रल रजिस्ट्रार दिल्ली में जो कृषि भवन है वहां पर एक पत्र भेजना पड़ता है पत्र में आपके केवाईसी डॉक्यूमेंट और आपका जो भी मेच्योरिटी प्लान है

प्लान ले रखा है उसका एक सर्टिफिकेट कहने का मतलब है आपने जब वहां से पत्र जारी किया था पॉलिसी बॉन्ड पेपर उसको भेजना है 

जिसके बाद यह जांच एजेंसी और सेंट्रल रजिस्टार के माध्यम से आप का भुगतान किया जाएगा सेंट्रल रजिस्टार बहुत से लोगों को कन्फ्यूजन होता है 

की मैन उनका कर्ज प्रणाली होता क्या है सेंट्रल रजिस्ट्रार वहीं संस्था है जो जितने भी सोसाइटीज है कोऑपरेटिव सोसाइटी है वह लाइसेंस प्रदान करती है

अगर कोई भी सोसाइटी अगर आपका पैसा नहीं देता तो आपके पास अधिकार होता है कि आप एक सेंट्रल रजिस्ट्रार के पास अपनी शिकायत दर्ज करा पाए